शिवराज सिंह चौहान का ‘रिजीम चेंज गैंग’ पर हमला, बोले- जनता के जनादेश के सामने फेल हो रही साजिशें
केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने देश में सत्ता परिवर्तन की कोशिशों को लेकर विपक्ष पर निशाना साधा है। शिवराज ने ऐसे लोगों को ‘रिजीम चेंज गैंग’ करार देते हुए आरोप लगाया कि ये लोग सत्ता बदलने के लिए साजिश रचते हैं, झूठ फैलाते हैं और जनता के बीच अपना नैरेटिव बनाने की कोशिश करते हैं। लेकिन चुनावों में जनता का जनादेश इनके मंसूबों पर पानी फेर देता है। अपने बयान में शिवराज ने विश्वविद्यालयों में ABVP की जीत और अलग-अलग राज्यों के चुनावी नतीजों का भी जिक्र किया। वहीं, उनका यह बयान ऐसे समय आया है, जब वोट चोरी, SIR और चुनावी प्रक्रिया को लेकर विपक्ष लगातार सवाल उठा रहा है। ऐसे में शिवराज के इस बयान के सियासी मायने क्या हैं, आइए जानते हैं इस रिपोर्ट में।
शिवराज का ‘रिजीम चेंज गैंग’ पर हमला
केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने देश में सत्ता परिवर्तन की कोशिशों को लेकर तीखा हमला बोला है। रविवार, 18 अक्टूबर को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट करते हुए शिवराज ने आरोप लगाया कि कुछ लोग हर दिन सत्ता बदलने के सपने देखते हैं और इसके लिए तरह-तरह की साजिशें रचते हैं।
शिवराज ने ऐसे लोगों को ‘रिजीम चेंज गैंग’ बताते हुए कहा कि ये लोग झूठ फैलाते हैं और अपने हिसाब से नैरेटिव गढ़ने की कोशिश करते हैं। लेकिन जब जनता का जनादेश सामने आता है, तो इनके सपने साबुन के बुलबुले की तरह फूट जाते हैं।
चुनावी नतीजों का दिया हवाला
अपने बयान में शिवराज सिंह चौहान ने विश्वविद्यालयों में छात्र संगठनों की जीत और विभिन्न राज्यों के चुनावी नतीजों का भी जिक्र किया। उन्होंने पंजाब यूनिवर्सिटी, दिल्ली यूनिवर्सिटी और ओडिशा के 13 विश्वविद्यालयों में ABVP की जीत का हवाला दिया।
इसके अलावा उन्होंने गुजरात के निकाय चुनावों और असम, बंगाल तथा पुडुचेरी के उपचुनावों का जिक्र करते हुए कहा कि ये नतीजे जनता के मूड को दर्शाते हैं।
शिवराज का तर्क है कि चुनावी नतीजों से जनता की पसंद का पता चलता है और राजनीतिक दलों को जनादेश का सम्मान करना चाहिए। हालांकि, इन अलग-अलग चुनावों के नतीजों और उनके राजनीतिक अर्थों को संबंधित चुनावी आंकड़ों के आधार पर देखना जरूरी है।
‘हर हार के बाद सवाल- दाल क्यों नहीं गल रही?’
शिवराज सिंह चौहान ने अपनी पोस्ट में गांवों और शहरों के लोगों के साथ युवाओं का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि जनता का मूड कुछ और है, जबकि ‘रिजीम चेंज गैंग’ की स्क्रिप्ट कुछ और है।
उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि हर हार के बाद यही सवाल उठता है कि आखिर

