सहारनपुर में मस्जिद विवाद को लेकर सियासत लगातार गरमाती जा रही है। सहारनपुर जाने की तैयारी कर रहे AIMIM के राष्ट्रीय प्रवक्ता शादाब चौहान को पुलिस ने उनके घर में हाउस अरेस्ट कर लिया। बताया गया कि पुलिस रात से ही उनके आवास पर तैनात थी और उन्हें अपने प्रतिनिधिमंडल के साथ सहारनपुर जाने से रोक दिया गया।
हाउस अरेस्ट किए जाने पर शादाब चौहान ने पुलिस कार्रवाई को गैर-कानूनी और गैर-संवैधानिक बताया। उन्होंने कहा कि सहारनपुर में कानूनी पहलुओं को समझने और आगे की कार्रवाई को लेकर वकीलों का एक प्रतिनिधिमंडल जाना था, लेकिन उन्हें घर में ही रोक दिया गया।
शादाब चौहान ने आरोप लगाया कि रात के अंधेरे में किसी व्यक्ति को घर में कैद करना उसके मौलिक अधिकारों का हनन है। उन्होंने कहा कि AIMIM संवैधानिक तरीके से अपनी कानूनी लड़ाई जारी रखेगी और उन्हें देश के संविधान और न्यायपालिका पर पूरा भरोसा है।
पूजा स्थल अधिनियम का हवाला
शादाब चौहान ने सहारनपुर में हुई कार्रवाई को पूजा स्थल अधिनियम, 1991 से जोड़ते हुए सरकार पर सवाल खड़े किए। उन्होंने आरोप लगाया कि 100 साल से ज्यादा पुरानी मस्जिद को गैर-कानूनी तरीके से तोड़ा गया है। साथ ही उन्होंने दावा किया कि संबंधित खसरा नंबर पर सरकार का मालिकाना हक नहीं है।
उन्होंने कहा कि वकीलों का प्रतिनिधिमंडल इसी मामले के कानूनी पहलुओं को समझने और आगे की कार्रवाई तय करने के लिए सहारनपुर जाना चाहता था, लेकिन पुलिस ने उन्हें रात से ही रोक दिया।
योगी सरकार पर निशाना
हाउस अरेस्ट को लेकर शादाब चौहान ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की सरकार पर भी निशाना साधा। उन्होंने सवाल किया कि क्या यही मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का रामराज्य है, जहां उन्हें अपराधियों की तरह घर में बंद किया जा रहा है।
उन्होंने बाबा साहब भीमराव आंबेडकर के विचारों का हवाला देते हुए कहा कि अगर कानून का इस्तेमाल गलत तरीके से किया जाए तो यह लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए चिंता की बात है।
सपा के प्रतिनिधिमंडल पर भी सवाल
शादाब चौहान ने सहारनपुर पहुंचे समाजवादी पार्टी के प्रतिनिधिमंडल को लेकर भी सवाल खड़े किए। उन्होंने दावा किया कि अखिलेश यादव के सहारनपुर दौरे के बाद मस्जिद को तोड़े जाने का मामला सामने आया।
उन्होंने सवाल किया कि क्या इस पूरे घटनाक्रम को लेकर पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव और मौजूदा मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के बीच कोई समझौता तो नहीं है। शादाब चौहान ने आरोप लगाया कि सहारनपुर में सपा अपने ही राजनीतिक विवादों को सुलझाने में लगी हुई है और इस मुद्दे पर केवल राजनीतिक हंगामा कर रही है।
फिलहाल सहारनपुर मस्जिद विवाद को लेकर राजनीतिक बयानबाजी तेज है और AIMIM नेता की हाउस अरेस्ट कार्रवाई ने इस मामले को और तूल दे दिया है।

