विधानसभा चुनाव से पहले EC का बड़ा निर्देश, UP समेत 5 राज्यों में अधिकारियों की तैनाती पर सख्ती
उत्तर प्रदेश समेत पांच राज्यों में आगामी विधानसभा चुनावों को लेकर निर्वाचन आयोग ने तैयारियां तेज कर दी हैं। आयोग ने उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, पंजाब, गोवा और मणिपुर के मुख्य सचिवों को पत्र लिखकर अधिकारियों की तैनाती के संबंध में जरूरी निर्देश दिए हैं। आयोग ने स्पष्ट किया है कि चुनाव प्रक्रिया से जुड़े अधिकारियों को उनके गृह क्षेत्र में तैनात नहीं किया जाना चाहिए।
निर्वाचन आयोग के निर्देशों के मुताबिक, चुनाव से जुड़े अधिकारियों की तैनाती ऐसे विधानसभा क्षेत्रों में भी नहीं होनी चाहिए, जहां वे पिछले विधानसभा चुनाव या उपचुनाव के दौरान तैनात रहे हों। इस कदम का उद्देश्य चुनावी प्रक्रिया को निष्पक्ष बनाए रखना और अधिकारियों की तैनाती को लेकर किसी भी तरह के पक्षपात की आशंका को दूर करना है।
पांच राज्यों में विधानसभा चुनाव की तैयारी तेज
उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, पंजाब, गोवा और मणिपुर में 2027 में विधानसभा चुनाव होने हैं। इन राज्यों में चुनाव से पहले निर्वाचन आयोग प्रशासनिक स्तर पर तैयारियों को आगे बढ़ा रहा है। वर्ष 2022 में इन राज्यों के विधानसभा चुनावों की घोषणा जनवरी में की गई थी।
आगामी चुनावों को देखते हुए राजनीतिक दल भी अपनी रणनीति बनाने में जुटे हैं। हालांकि, चुनाव की तारीखों को लेकर अंतिम घोषणा निर्वाचन आयोग की ओर से ही की जाएगी।
पांच राज्यों में किसकी सरकार?
इन पांच राज्यों में मौजूदा राजनीतिक समीकरण अलग-अलग हैं। उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, गोवा और मणिपुर में बीजेपी की सरकार है, जबकि पंजाब में आम आदमी पार्टी सत्ता में है। ऐसे में आगामी विधानसभा चुनाव सभी प्रमुख राजनीतिक दलों के लिए अहम माने जा रहे हैं।
चुनाव से पहले मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR और मुख्य चुनाव आयुक्त को लेकर जारी राजनीतिक बहस के बीच आयोग की तैयारियों पर भी नजर बनी हुई है।
2022 के विधानसभा चुनाव में किस पार्टी को कितनी सीटें मिली थीं?
उत्तर प्रदेश: 403 सीटों वाली विधानसभा में बीजेपी ने 255 सीटें जीती थीं, जबकि समाजवादी पार्टी को 111 सीटें मिली थीं। अपना दल (सोनेलाल) को 12, राष्ट्रीय लोक दल को 8, निषाद पार्टी और सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी को 6-6 सीटें मिली थीं। कांग्रेस को 2, बहुजन समाज पार्टी को 1 और जनसत्ता दल लोकतांत्रिक को 2 सीटें मिली थीं।
उत्तराखंड: बीजेपी ने 70 में से 47 सीटों पर जीत दर्ज की थी। कांग्रेस को 19 सीटें मिली थीं, जबकि बहुजन समाज पार्टी और निर्दलीय उम्मीदवारों ने 2-2 सीटें जीती थीं।
पंजाब: आम आदमी पार्टी ने 117 में से 92 सीटें जीतकर सरकार बनाई थी। कांग्रेस को 18, शिरोमणि अकाली दल को 3, बीजेपी को 2 और बहुजन समाज पार्टी को 1 सीट मिली थी। एक सीट पर निर्दलीय उम्मीदवार जीता था।
गोवा: 40 सदस्यीय विधानसभा में बीजेपी ने 20 सीटें जीती थीं। कांग्रेस को 11, महाराष्ट्रवादी गोमांतक पार्टी और आम आदमी पार्टी को 2-2, जबकि गोवा फॉरवर्ड पार्टी को 1 सीट मिली थी। निर्दलीय उम्मीदवारों ने 3 सीटें जीती थीं और एक सीट अन्य के खाते में गई थी।
मणिपुर: 60 सदस्यीय विधानसभा में बीजेपी ने 32 सीटें जीती थीं। नेशनल पीपुल्स पार्टी को 7, जनता दल यूनाइटेड को 6, कांग्रेस को 5 और नागा पीपुल्स फ्रंट को 5 सीटें मिली थीं। अन्य दलों को 2 और निर्दलीय उम्मीदवारों को 3 सीटें मिली थीं।
चुनाव से पहले प्रशासनिक व्यवस्था पर नजर
निर्वाचन आयोग के निर्देशों के बाद पांचों राज्यों में चुनाव प्रक्रिया से जुड़े अधिकारियों की तैनाती महत्वपूर्ण मुद्दा बन गई है। आने वाले महीनों में चुनावी तैयारियों, मतदाता सूची और प्रशासनिक व्यवस्था से जुड़े फैसलों पर राजनीतिक दलों की नजर रहेगी। इन राज्यों में चुनाव की घोषणा के बाद ही मतदान का पूरा कार्यक्रम स्पष्ट होगा।

