UGC विवाद पर प्रयागराज में सियासी घमासान तेज हो गया है। डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य के कार्यक्रम में बीजेपी कार्यकर्ता के साथ कथित मारपीट का मामला अब तूल पकड़ता जा रहा है। इस पूरे विवाद पर आरोपी बीजेपी पार्षद विनय कुमार मिश्रा ने अपनी सफाई दी है और घटना को लेकर बड़ा दावा किया है।
दरअसल, प्रयागराज के परेड ग्राउंड में रविवार को बीजेपी की ओर से प्रबुद्ध सम्मेलन आयोजित किया गया था। कार्यक्रम में उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए थे। इसी दौरान बीजेपी कार्यकर्ता रोहित तिवारी उर्फ काका ने UGC के समानता संबंधी नए नियमों को लेकर डिप्टी सीएम से सवाल किया।
रोहित तिवारी और उनके साथ मौजूद एक अन्य व्यक्ति ने मौर्य से पूछा कि आखिर वे UGC के मुद्दे पर कब बोलेंगे? इस पर केशव प्रसाद मौर्य ने जवाब दिया कि अभी चुप रहिए, मैं इस मुद्दे पर जरूर बोलूंगा।
हालांकि, इसके बाद कार्यक्रम में विवाद हो गया। रोहित तिवारी ने आरोप लगाया कि बीजेपी पार्षद विनय मिश्रा ने उनके साथ मारपीट की। मामले में सोमवार शाम दारागंज थाने में विनय मिश्रा के खिलाफ प्राथमिकी भी दर्ज कराई गई।
वहीं, आरोपी पार्षद विनय कुमार मिश्रा ने अपनी सफाई में कहा कि भारतीय संस्कृति में अतिथि देवो भव: की परंपरा है और कार्यक्रम में आए अतिथि का सम्मान करना सभी की जिम्मेदारी है।
मिश्रा के मुताबिक, जब डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य भाषण दे रहे थे, तभी रोहित तिवारी एक कैमरामैन के साथ मंच के सामने पहुंच गए और UGC के मुद्दे पर बोलने की मांग करने लगे। उन्होंने दावा किया कि रोहित पहले ही मंच से अपनी बात रख चुके थे।
विनय मिश्रा ने यह भी कहा कि केशव प्रसाद मौर्य ने अपना भाषण पूरा करने के बाद ज्ञापन स्वीकार किया और भरोसा दिया कि वे इस मुद्दे को राज्य और केंद्र सरकार के सामने उठाएंगे।
फिलहाल, इस मामले ने यूपी की राजनीति में नया विवाद खड़ा कर दिया है। एक तरफ कार्यकर्ता ने मारपीट का आरोप लगाया है, तो दूसरी तरफ आरोपी पार्षद अपनी सफाई दे रहे हैं। अब देखना होगा कि इस पूरे मामले में आगे क्या कार्रवाई होती है।
