7 साल से बच्चों को मुफ्त में हुनर सिखा रही शिक्षिका की पालकों ने की सराहना

चांपा — गर्मी की छुट्टियों में बच्चों का समय सार्थक बनाने के लिए शासकीय प्राथमिक शाला सोंठी की शिक्षिका ममता जायसवाल पिछले 7 साल से बच्चों को बुनियादी शिक्षा के साथ साथ निःशुल्क समर कैंप में हुनर सिखा रही है । बिना एक रुपया लिए वो बच्चों को अनेक रचनात्मक गतिविधियों से जोड़कर पढ़ाई के साथ साथ कला , विज्ञान ,खेल और जीवन कौशल की प्रशिक्षण देती है । स्वयं के खर्चे से बच्चों के सर्वांगीण विकास की दिशा में उनके द्वारा की जा रही पहल की पालकों ने जमकर सराहना की । पालकों का कहना है कि मोबाइल और टीवी में फंसे बच्चों को समर कैंप में नई दिशा दी है । पालक लक्ष्मीनारायण श्रीवास ने कहा कि फीस तो दूर मेडम खुद खर्च करती है मेरी बेटी मेडम के पास सीखने जाती है आज तक उन्होंने एक रुपया भी नही लिया है । उल्टे समापन पर मेडम खुद अपने पैसे से बच्चों को गिफ्ट देती है । अच्छा प्रदर्शन करने वालों को प्रोत्साहित कर ईनाम देती है । उनकी जितनी भी सराहना की जाए कम है । पालक सुरेश वस्त्रकार एवं गणेश पटेल ने कहा कि बच्चों के प्रति उनका समर्पण और उनका जज्बा सबके लिए प्रेरणा है । 7 साल से निःस्वार्थ सेवा करना हर किसी के बस की बात नही है । समर कैम्प में बच्चे उत्साह से जाते है और अपना हुनर दिखाते है । मेडम के द्वारा ग्रामीण बच्चों के लिये जो यह कार्य किया जा रहा है बहुत ही सराहनीय है । मेडम जैसा बच्चों के प्रति सोच रखती है वैसा ही सोच शिक्षक , पालक व समाज को रखनी चाहिए ताकि बच्चों का सर्वांगीण विकास हो और वे समाज व देश के लिए कुछ कर के का काबिल बन सके । पालक रामकुमार यादव एवं नरेंद्र केंवट का कहना है कि मेडम के द्वारा संचालित समर कैंप में बच्चे अनेक हुनर सिख रहे है । बच्चे घर पर आकर भी कुछ न कुछ अनेक रचनात्मक गतिविधि करते है जिससे उनका कौशल विकास हो रहा है । प्रतिवर्ष मेडम द्वारा 15 -20 दिवसीय समर कैंप आयोजित की जाती है बच्चों के काफी कारगर साबित हो रही है ।

